परमाणु स्थायित्व प्राप्त करने के लिए आपस में जुड़ते हैं — इसी जुड़ाव को रासायनिक आबंधन कहते हैं। यह अध्याय समझ-आधारित है और परीक्षा में उदाहरण सहित पूछा जाता है।
अष्टक नियम (Octet Rule)
परमाणु अपनी सबसे बाहरी कक्षा में 8 इलेक्ट्रॉन (हाइड्रोजन व हीलियम के लिए 2) प्राप्त करके स्थायित्व पाने का प्रयास करते हैं — इलेक्ट्रॉन त्यागकर, ग्रहण करके या साझा करके।
रासायनिक आबंध के प्रकार
आबंध
बनने की विधि
बनता है किनके बीच
उदाहरण
आयनिक/वैद्युत संयोजी बंध
इलेक्ट्रॉनों का स्थानांतरण
धातु व अधातु के बीच
NaCl, MgO
सहसंयोजक बंध
इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी
दो अधातुओं के बीच
H₂O, CH₄, Cl₂
उपसहसंयोजक बंध
दोनों साझा इलेक्ट्रॉन एक ही परमाणु से
—
NH₄⁺
उदाहरण — NaCl कैसे बनता है: सोडियम (Na) अपना 1 बाहरी इलेक्ट्रॉन त्यागकर Na⁺ बनता है, क्लोरीन (Cl) उस इलेक्ट्रॉन को ग्रहण कर Cl⁻ बनता है — विपरीत आवेश एक-दूसरे को आकर्षित कर आयनिक बंध बनाते हैं।
आयनिक व सहसंयोजक यौगिकों में अंतर
गुण
आयनिक यौगिक
सहसंयोजक यौगिक
गलनांक/क्वथनांक
उच्च
निम्न
भौतिक अवस्था
ठोस
गैस, द्रव या ठोस
विद्युत चालकता
घोल/द्रव अवस्था में सुचालक
सामान्यतः कुचालक
जल में घुलनशीलता
अधिकतर घुलनशील
अधिकतर अघुलनशील
रासायनिक अभिक्रिया के प्रकार
प्रकार
सामान्य रूप
उदाहरण
संयोजन अभिक्रिया
A + B → AB
CaO + H₂O → Ca(OH)₂
वियोजन अभिक्रिया
AB → A + B
CaCO₃ → CaO + CO₂ (गर्म करने पर)
विस्थापन अभिक्रिया
A + BC → AC + B
Fe + CuSO₄ → FeSO₄ + Cu
द्विविस्थापन अभिक्रिया
AB + CD → AD + CB
AgNO₃ + NaCl → AgCl↓ + NaNO₃
उपचयन-अपचयन (रेडॉक्स)
इलेक्ट्रॉन का स्थानांतरण
CuO + H₂ → Cu + H₂O
उपचयन और अपचयन
प्रक्रिया
अर्थ
उपचयन (Oxidation)
इलेक्ट्रॉन की हानि / ऑक्सीजन का जुड़ना / हाइड्रोजन की हानि
अपचयन (Reduction)
इलेक्ट्रॉन की प्राप्ति / ऑक्सीजन की हानि / हाइड्रोजन का जुड़ना
ऊष्माक्षेपी व ऊष्माशोषी अभिक्रियाएं
प्रकार
विशेषता
उदाहरण
ऊष्माक्षेपी (Exothermic)
ऊष्मा मुक्त होती है
दहन, श्वसन
ऊष्माशोषी (Endothermic)
ऊष्मा अवशोषित होती है
प्रकाश-संश्लेषण, CaCO₃ का अपघटन
महत्वपूर्ण एक-पंक्ि तथ्य
वर्षा होने पर AgNO₃ व NaCl की अभिक्रिया से बनने वाला सफेद अवक्षेप AgCl होता है — यह द्विविस्थापन अभिक्रिया का उदाहरण है।
लोहे पर जंग लगना एक धीमी उपचयन अभिक्रिया है।
रासायनिक समीकरण को संतुलित करना द्रव्यमान संरक्षण के नियम पर आधारित है।
अवक्षेप (Precipitate) सामान्यतः द्विविस्थापन अभिक्रिया में बनता है।