Kurukshetra District Haryana GK Notes

By Reacher

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हरियाणा के कुरुक्षेत्र (Kurukshetra District Haryana GK Notes) की पूरी जानकारी हिंदी में पढ़ें। कुरुक्षेत्र का परिचय, गठन, मुख्यालय, इतिहास, मानचित्र और महत्वपूर्ण तथ्य एक ही स्थान पर।

कुरुक्षेत्र जिला एक नजर में

⦿ जिले की स्थापना – 23-01-1973
⦿ शहर की स्थापना – राजा कुरु द्वारा भूमि जोतकर
⦿ नामकरण – राजा कुरु के कारण
⦿ प्राचीन नाम – कुरुजंगल, कुरु जनपद
⦿ क्षेत्रफल – 1530 वर्ग किलोमीटर
⦿ उपनाम – धर्म नगरी, पार्क सिटी, तीर्थ राज, गीता नगरी, वैदिक सभ्यता का पालन
⦿ विधानसभा सीटें – शाहबाद, थानेसर, पेहोवा, लाडवा
⦿ उपतहसील – इस्माइलाबाद, बाबैन
⦿ तहसील – थानेसर, पेहोवा, शाहबाद, लाडवा

इतिहास:-

डॉ आर.सी. के मुताबिक मजूमदार, “यह भारत में आर्यों के आप्रवासन से पहले भी एक धर्म-सांस्कृतिक केंद्र था” ज्योतिसर हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले में स्थित एक कस्बा है। यह एक हिन्दू तीर्थ है जो कुरुक्षेत्र-पहोवा मार्ग पर थानेसर से पाँच किमी पश्चिम में स्थित है। माना जाता है कि यहीं पर भगवान कृष्ण ने अर्जुन को गीता का उपदेश दिय थे। ‘ज्योति’ का अर्थ प्रकाश है तथा ‘सर’ का अर्थ ‘तालाब’। यहाँ का बरगद का वृक्ष है जिसके बारे में मान्यता है कि इसी वट वृक्ष के नीचे कृष्ण ने अर्जुन को उपदेश दिय थे और यहीं अर्जुन को अपना विराट रूप दिखाया था। वट वृक्ष के निचे चबूतरे का निर्माण महाराजा दरभंगा ने करवाया था।

⦿ शेख चिल्ली का मकबरा – भारत के हरियाणा राज्य के कुरुक्षेत्र जिले के थानेसर में स्थित एक ऐतिहासिक परिसर है। इसमें दो मकबरे, एक मदरसा, मुगल उद्यान और अन्य संबंधित संरचनाएँ हैं। मुख्य मकबरा शेख चिल्ली को समर्पित है, अन्य मुगल राजकुमार दारा शिकोह के आध्यात्मिक गुरु थे जो एक सूफी संत और एक मस्जिद और एक पुरातात्विक संग्रहालय भी इस परिसर में है, इसे राष्ट्रीय धरोहर सूची में शामिल किया गया है, इसे 1958 में राष्ट्रीय धरोहर सूची में शामिल किया गया है।
⦿ सनिहित सरोवर – यह कुरुक्षेत्र में थानेसर के कैथल मार्ग पर स्थित एक पवित्र सरोवर है। कहा जाता है कि यहाँ पर श्री कृष्ण संग्रहालय के सभी दिवंगतों की मुक्ति के लिए पिंड-दान आदि कार्य किया था। इस सरोवर के जल में अमावस्या यहाँ सात सरस्वती नदियाँ मिलती हैं। सन्निहित सरोवर में भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी का वास माना जाता है और ऐसी मान्यता है कि इस नदी में स्नान करने से भटकती आत्माओं को शांति मिलती है।
⦿ तिरुपति वेंकटेश्वर मंदिर – यह मंदिर भगवान विष्णु के एक रूप भगवान वेंकटेश्वर को समर्पित है, जिनके बारे में माना जाता है कि वे मानव जाति को परीक्षाओं और परेशानियों से बचाने के लिए पृथ्वी पर प्रकट हुए थे इसलिए इस स्थान का नाम कलियुग वैकुंठ भी पड़ा है और यहां के देवता को कलियुग प्रत्यक्ष दैवम भी कहा जाता है। वेंकटेश्वर को कई अन्य नामों से भी जाना जाता है बालाजी, गोविंदा और श्री निवासा। मंदिर तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) द्वारा चलाया जाता है, जो आंध्र प्रदेश सरकार के नियंत्रण में है।
⦿ स्थानेश्वर महादेव मंदिर – हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले के थानेसर शहर में स्थित एक प्राचीन हिन्दू मन्दिर है। यह मंदिर भगवान शिव का समर्पित है मंदिर के सामने एक छोटा कुण्ड स्थित है जिसके बारे में पौराणिक सन्दर्भ अनुसार यह माना जाता है कि इसकी कुछ बूँदों से राजा बान का कुष्ठ रोग ठीक हो गया था। कहते हैं कि भगवान शिव की शिवलिंग के रुप में पहली बार पूजा इसी स्थान पर हुई थी। स्थाणु शब्द का अर्थ होता है शिव का निवासी। शहर को सम्राट हर्षवर्धन के राज्य काल में राजधानी की गौरव मिली, जिसके साथ साथ इसका नाम बिगडकर अपभ्रंश रूप में थानेसर हो गया।
⦿ बिड़ला मंदिर – कुरुक्षेत्र स्थित भगवान कृष्ण को समर्पित है, 1952 में निर्मित, इस मंदिर में एक विशाल बगीचा है और इसकी डिजाइन में सफेद संगमरमर से बनी हाथियों की मूर्तियाँ और कृष्ण-अर्जुन रथ के साथ-साथ वेदव्यास और तुलसीदास के उद्धरण और चित्र भी शामिल हैं।
⦿ नाभा हाउस – नाभा हाउस एक भव्य इमारत है, जिसका उपयोग नाभा के शाही परिवार द्वारा कुरुक्षेत्र में धार्मिक कार्यक्रमों के दौरान निवास के रूप में किया जाता था। इसे 2005 में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण द्वारा अपनाया गया था।

जिले के अन्य मुख्य बिंदु: –

⦿ कालेश्वर तीर्थ – रामायण व रावण से सम्बंधित है।
⦿ पृथुदक तीर्थ – पेहवा (हरियाणा में सबसे ज्यादा पिंड दान)
⦿ कुबेर तीर्थ – यहाँ यक्ष द्वारा कुबेर का यज्ञ किया गया था और यह तीर्थ चैतन्य महाप्रभु से सम्बंधित है
⦿ गुरुद्वारा छेवीं पातशाही (गुरु हरगोबिंद को समर्पित)
⦿ चन्द्रकुप तीर्थ – निर्माण युधिष्ठिर (हरियाणा का प्राचीन कुआ है)
⦿ आपगा तीर्थ – कुरुक्षेत्र
⦿ गौडिय मठ – कुरुक्षेत्र
⦿ कमलनाथ तीर्थ – ब्रह्मा जी की उत्पति का स्थान है।
⦿ नरकातारी तीर्थ – थानेसर
⦿ मारकण्डा तीर्थ – कुरुक्षेत्र
⦿ बाबा काली कमली वाले का डेरा – कुरुक्षेत्र (निर्माण विश्वानंद महाराज)
⦿ भीष्म कुंड और बाण गंगा तीर्थ – कुरुक्षेत्र (अर्जुन से सम्बंधित)
⦿ वाल्मीकि आश्रम – लक्ष्मणगिरी ने वाल्मीकि आश्रम में जीवित समाधि ली थी।
⦿ भद्रकाली/देवीकुप – इसमें 51 शक्तिपीठ है।
⦿ कमोधा स्थल – वाल्मीकि आश्रम
⦿ सूर्यग्रहण स्नान मेला – ब्रह्मसरोवर (कुरुक्षेत्र), यहाँ अमावस्या के दिन मेला लगता है।
⦿ सरस्वती महोत्सव – पेहवा (कुरुक्षेत्र)
⦿ मारकडेश्वर मन्दिर – शाहाबाद
⦿ तिरुपति बालाजी मंदिर – कुरुक्षेत्र
⦿ बिरला मंदिर – थानेसर
⦿ दुख भजन मंदिर – थानेसर
⦿ लक्ष्मीनारायण/नारायण मंदिर – कुरुक्षेत्र
⦿ सर्वेश्वर महादेव मंदिर – थानेसर
⦿ भद्रकाली/देवीकुप मंदिर -थानेसर
⦿ अदिति मंदिर – अमीन गाँव
⦿ महावीर जयंती का मेला – लाडवा (मार्च माह)
⦿ राजघाट गुरुद्वारा – कुरुक्षेत्र, दसवें गुरु श्री गोविंद सिंह को समर्पित है।
⦿ नौवी पातशाही गुरुद्वारा – थानेसर (गुरु तेग बहादुर)
⦿ शेख चिल्ली का मकबरा – थानेसर (हरियाणा का ताजमहल)
⦿ कर्ण का किला – थानेसर, नोट : कर्ण झील – उचाना (करनाल)
⦿ कल्पना चावला तारामंडल – ज्योतिसर
⦿ हर्ष का किला – थानेसर
⦿ पैराकिट – पीपली (NH-44)
⦿ अंजन यात्रिका – कुरुक्षेत्र
⦿ नील क्रांति डैम – कुरुक्षेत्र
⦿ बीबीपुर झील – कुरुक्षेत्र (मैदानी क्षेत्र की झील)
⦿ सनिशा झील – अरुणाय गाँव, यह सरस्वती और मारकंडा नदी का मिलन स्थल है।
⦿ KUK/Kurukshetra University – थानेसर (1956)
⦿ NIT/राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान – कुरुक्षेत्र (1963)
⦿ श्री कृष्णा आयुष विश्वविद्यालय – कुरुक्षेत्र, यह देश का पहला आयुष विश्वविद्यालय है।
⦿ गुरुकुल – स्वामी श्रद्धानंद द्वारा 1911-12 में कुरुक्षेत्र में गुरुकुल की नीव रखी थी।
⦿ कुरुक्षेत्र आकाशवाणी केन्द्र – 24 जून 1991
⦿ जलबेहरा बैराज – कुरुक्षेत्र (मारकण्डा नदी पर)
⦿ पैराकीट पर्यटन स्थल – पीपली
⦿ पीपली चिडियाघर – पीपली (1982)
⦿ श्रीकृष्ण म्यूजियम – कुरुक्षेत्र (1987), भगवान श्री कृष्ण से संबंधित भारत का सबसे बडा म्यूजियम है।
⦿ गुलजारी लाल नंदा संग्राहलय – कुरुक्षेत्र (2005)

महान व्यक्तित्व:-

⦿ रानी रामपाल – हॉकी खिलाड़ी (शाहाबाद), इन्हें 2020 में मेजर ध्यानचंद खेल रत्न मिला था। यह मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार प्राप्त करने वाली प्रथम भारतीय महिला हॉकी खिलाड़ी है।
⦿ संदीप सिंह – हॉकी खिलाड़ी (शाहाबाद), पेहवा से पूर्व विधायक और पूर्व खेल मंत्री रह चुके है। इनके जीवन चरित्र पर सुरमा (2018) फिल्म बनी है।
⦿ रणजीत सिंह दयाल – कुरुक्षेत्र, यह अंडमान-निकोबार व पुदुचेरी के उप-राज्यपाल रह चुके है।
⦿ हॉकी खिलाड़ी नवजोत कौर – कुरुक्षेत्र
⦿ हॉकी खिलाड़ी सुमन बाला – कुरुक्षेत्र
⦿ रीतु रानी – हॉकी खिलाड़ी (शाहाबाद)
⦿ रोहित सरदाना – कुरुक्षेत्र (न्यूज एंकर)

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