प्रकाश एक विद्युत-चुंबकीय तरंग है जो निर्वात में भी चल सकती है। इसकी चाल निर्वात में 3 × 10⁸ मीटर/सेकंड होती है, जो ब्रह्मांड में सबसे तेज गति मानी जाती है।
परावर्तन के नियम (Laws of Reflection)
- आपतन कोण सदैव परावर्तन कोण के बराबर होता है।
- आपतित किरण, परावर्तित किरण तथा अभिलंब — तीनों एक ही तल में होते हैं।
दर्पण के प्रकार और उपयोग
| दर्पण | प्रकृति | उपयोग |
|---|---|---|
| अवतल दर्पण (Concave) | अभिसारी (Converging) | टॉर्च, वाहन हेडलाइट, शेविंग मिरर, दंत चिकित्सक का दर्पण |
| उत्तल दर्पण (Convex) | अपसारी (Diverging) | वाहनों का साइड/रियरव्यू मिरर (चौड़ा दृश्य क्षेत्र) |
अपवर्तन (Refraction)
जब प्रकाश एक माध्यम से दूसरे माध्यम में जाता है, तो चाल बदलने के कारण उसकी दिशा बदल जाती है — इसे अपवर्तन कहते हैं। अपवर्तनांक (Refractive Index) = निर्वात में चाल / माध्यम में चाल।
लेंस के प्रकार और उपयोग
| लेंस | प्रकृति | उपयोग |
|---|---|---|
| उत्तल लेंस (Convex) | अभिसारी | आवर्धक लेंस, कैमरा, सूक्ष्मदर्शी, हाइपरमेट्रोपिया सुधार |
| अवतल लेंस (Concave) | अपसारी | मायोपिया (निकट दृष्टि दोष) सुधार |
मानव नेत्र के सामान्य दोष
| दोष | समस्या | सुधार |
|---|---|---|
| निकट दृष्टि दोष (Myopia) | दूर की वस्तु स्पष्ट नहीं दिखती | अवतल लेंस |
| दूर दृष्टि दोष (Hypermetropia) | पास की वस्तु स्पष्ट नहीं दिखती | उत्तल लेंस |
| जरा दूरदृष्टिता (Presbyopia) | उम्र बढ़ने से दोनों दोष | बाइफोकल लेंस |
वर्ण विक्षेपण (Dispersion)
जब श्वेत प्रकाश प्रिज्म से गुजरता है, तो वह सात रंगों में विभक्त हो जाता है — इसे वर्ण विक्षेपण कहते हैं। रंगों का क्रम (VIBGYOR) — बैंगनी, जामुनी, नीला, हरा, पीला, नारंगी, लाल। इंद्रधनुष इसी सिद्धांत पर बनता है (वायुमंडल में जल की बूंदों द्वारा)।
पूर्ण आंतरिक परावर्तन (Total Internal Reflection)
जब प्रकाश सघन माध्यम से विरल माध्यम में क्रांतिक कोण से अधिक कोण पर जाता है, तो वह पूर्णतः परावर्तित हो जाता है। उदाहरण — हीरे की चमक, मरीचिका (Mirage), ऑप्टिकल फाइबर।
महत्वपूर्ण एक-पंक्ति तथ्य
- प्रकाश की चाल निर्वात में सबसे अधिक (3×10⁸ m/s) होती है।
- आकाश का रंग नीला दिखने का कारण प्रकाश का प्रकीर्णन (Scattering) है।
- सूर्योदय व सूर्यास्त के समय सूर्य लाल दिखता है — कारण भी प्रकीर्णन ही है।
- ऑप्टिकल फाइबर पूर्ण आंतरिक परावर्तन के सिद्धांत पर कार्य करता है।
- मानव नेत्र में प्रतिबिंब रेटिना पर बनता है।
क्विक रिवीजन टेबल
| तथ्य | उत्तर |
|---|---|
| प्रकाश की चाल (निर्वात में) | 3 × 10⁸ m/s |
| वाहन के साइड मिरर में कौन-सा दर्पण | उत्तल दर्पण |
| मायोपिया में प्रयुक्त लेंस | अवतल लेंस |
| हाइपरमेट्रोपिया में प्रयुक्त लेंस | उत्तल लेंस |
| इंद्रधनुष का सिद्धांत | वर्ण विक्षेपण |
| आकाश नीला क्यों दिखता है | प्रकाश के प्रकीर्णन के कारण |
| ऑप्टिकल फाइबर किस सिद्धांत पर कार्य करता है | पूर्ण आंतरिक परावर्तन |
